हिन्दुस्तान की 70% जनता को पुरी तरह पौषटीक आहार नही मिलता है हिन्दुस्तान की 30% जनता को पुरी तरह से भोजन नही मिलता है हिन्दुस्तान की 12% जनता को सिर्फ एक समय का भोजन मिलता है
इस सभी का कारण है हिन्दुस्तान की विस्फोटक जनसख्या। अगर वरुण गाँधी जनसख्या पर रोक लगाने कि बात कहते हैं तो इस में गलत क्या है इस्लामिक देश पाकिस्तान और बाग्लादेश में भी नशवन्दी का कानून है फिर हिन्दुस्तान में क्यों नही होना चाहिए वारुण गाँधी के इस व्यान पर इतना हल्ला क्यों मचाया जा रहा है सिर्फ इस लिये कि वरुण गाँधी बी.जे.पी के नेता है
क्यों बी.जे.पी नेता के देशहित की बात में सभी को सम्प्रदायीकता दिखने लगता है।
किसी दार्शनिक ने सही कहा है जहाँ समझदार आदमी जाने से डरता है मुर्ख वहाँ बिन्दास दौड लगाता है। वरुण गाँधी बाले मामले में भी कुछ यैसा ही हुआ था वरुण गाँधी ने जो भी भाषण दिया उसका विडीयो हम सभी ने देखा लेकिन उस विडीयों में वरुण गाँधी ने क्या भाषण दिया इसका विषलेशण हम अपनी बुद्धि के द्वारा ना करके पैसा लेकर समाचार पढ़ने बाले 10वी-12वी पास पत्रकारों और कांग्रेस के नेताओ कि जबान हम बोलने लगे। सही क्या है और गलत क्या है इसका विवेचना हमें खुद करना चाहिये ना कि किसी के वहकाबे में आगर मुर्ख बनना चाहिये।
वरुण गाँधी का दिया गया भाषण निचे शब्दों में लिखा है कुछ शब्द को मिडीया बालों ने छिपा दिया है आईये उस शब्द को हम अपने बुद्धि विवेक और ज्ञान का परिचय देकर वरुण गाँधी के शब्दों को पुरा करते हैं और इस पुरे भाषण का असली अर्थ क्या निकलता है देखें
मेरे राज्य में मेरे समय में किसी आदमी ने किसी गलत तत्व के आदमी ने *************** हाथ उठाया उसपर ये समझा कि ये कमजोड़ हैं इनका कोई नेता नही है इनके नेता हमारे जुते चाटते हैं हमारे वोट के लिये हमारे तो अगर किसी आदमी ने ************************ हाथ उठाया मैं गीता की कसम खा कर कहता हूँ मैं उस हाथ को काट दूगाँ।
(************************ जगह पर सही शब्द क्या हो सकता लगायें)
पुरा भाषण कई बार देखने के बाद में यह कह सकता हू कि ये पुरा खेल वरुण गाँधी को फसाने के लिये किया गया है क्यों कि अगर शब्द को ढंग से मिलाये तो कही से भी ये नही लगता है कि वरुण गाँधी ने कुछ भी भडकाऊ व्यान दिया है जिसके चलते आग वरुण गाँधी जेल में सजा काट रहें हैं।